साम्राज्यिक भारत (1877-1905)
UPSC प्रीलिम्स फोकस | विक्टोरिया महारानी से कर्ज़न युग
PYQs 🚨
सबसे परीक्षित विषय (2015-2023):
- दिल्ली दरबार (1877) और विक्टोरिया महारानी
- द्वितीय अफ़ग़ान युद्ध और रॉबर्ट्स मार्च
- इल्बर्ट बिल विवाद
- भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस स्थापना (1885)
- लॉर्ड कर्ज़न के सुधार और बंगाल विभाजन
- बर्मा विलय और डूरंड लाइन
आम जाल:
- अफ़ग़ान युद्ध तिथियों और परिणामों में भ्रम
- वायसरायों के साथ सुधारों का गलत संबंध
- कांग्रेस स्थापना विवरण में मिलावट
- डूरंड लाइन महत्व की गलत समझ
दिल्ली दरबार (1877) 🚨
रानी विक्टोरिया महारानी के रूप में
| तिथि | घटना | महत्व |
|---|---|---|
| 1 जनवरी 1877 | दिल्ली दरबार | विक्टोरिया भारत की महारानी घोषित |
| अवधि | 23 दिसंबर 1876 - 5 जनवरी 1877 | भव्य शाही समारोह |
| उपस्थिति | कुल 68,000 | 1,200 अधिकारी, 14,000 सैनिक, 75 राजा |
| वायसराय | लॉर्ड लिटन | समारोह का आयोजन |
महत्व
- भारत में ब्रिटिश शाही शक्ति का शिखर
- राजाओं से गठबंधन - "भारतीय जनता के स्वाभाविक नेता"
- शाही प्रतीकवाद - ब्रिटिश वर्चस्व प्रदर्शित
द्वितीय अफ़ग़ान युद्ध (1878-1881) 🚨
पृष्ठभूमि और कारण
| तिथि | घटना | महत्व |
|---|---|---|
| 22 जुलाई 1878 | काबुल में रूसी मिशन | अमीर शेर अली ने रूसी कर्नल स्वागत |
| 22 सितंबर 1878 | ब्रिटिश मिशन अस्वीकृत | मेजर कैवग्नारी प्रवेश से वंचित |
| 2 नवंबर 1878 | ब्रिटिश अल्टीमेटम | अफ़गानिस्तान ने अनदेखा |
प्रमुख सैन्य घटनाएं
| तिथि | घटना | परिणाम |
|---|---|---|
| 21 नवंबर 1878 | ब्रिटिश आक्रमण | रॉबर्ट्स, ब्राउन, बिडुल्फ़ की तीन टुकड़ियां |
| 26 मई 1879 | गंदमक संधि | प्रमुख दर्रों पर ब्रिटिश नियंत्रण, काबुल रेज़िडेंट |
| 30 सितंबर 1879 | काबुल मिशन हत्याकांड | पूरा ब्रिटिश मिशन मारा गया |
| 27 जुलाई 1880 | मैवंद की लड़ाई | ब्रिटिश आपदा - 971 मारे गए |
| 11-31 अगस्त 1880 | रॉबर्ट्स का प्रसिद्ध मार्च | 21 दिनों में 334 मील |
| 1 सितंबर 1880 | मज़रा की लड़ाई | रॉबर्ट्स ने अयूब खान को हराया |
रॉबर्ट्स का महान मार्च
- मार्ग: काबुल से कंधार
- दूरी: 21 दिनों में 334 मील
- बल: ~10,000 सैनिक
- महत्व: सैन्य इतिहास के महान मार्चों में से एक
लॉर्ड रिपन के उदार सुधार (1880-1884)
फैक्ट्री एक्ट (1881) 🚨
| प्रावधान | विवरण |
|---|---|
| 12 वर्ष से कम बच्चे | अधिकतम 9 घंटे/दिन |
| 7 वर्ष से कम बच्चे | फैक्ट्रियों में प्रतिबंधित |
| ब्रेक | शिफ्ट में 1 घंटा |
| छुट्टियां | प्रति माह 4 |
| जुर्माना | उल्लंघन पर ₹200 तक |
स्थानीय स्वशासन (1882)
- प्रस्ताव: 18 मई 1882
- निर्माण: नगरपालिका और जिला बोर्ड
- नियंत्रण: स्थानीय दरें और कर
- सदस्य: गैर-सरकारी भारतीयों की प्रधानता
- उपाधि: "भारत में स्थानीय स्वशासन के जनक"
प्रेस स्वतंत्रता
- मार्च 1881: वर्नाक्युलर प्रेस एक्ट समाप्त
- बहाल: प्रेस स्वतंत्रता (लिटन के दमनकारी एक्ट निरस्त)
इल्बर्ट बिल विवाद (1883-1884) 🚨
बिल
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| तिथि | 2 फरवरी 1883 |
| प्रस्तावक | कानून सदस्य सर कोर्टने इल्बर्ट |
| प्रावधान | भारतीय न्यायाधीश ब्रिटिश प्रजा पर मुकदमा चला सकते |
| उद्देश्य | न्यायिक प्रक्रिया में नस्लीय समानता |
विरोध और समझौता
| तिथि | घटना |
|---|---|
| 28 फरवरी 1883 | कलकत्ता टाउन हॉल विरोध बैठक |
| 29 मार्च 1883 | यूरोपीय रक्षा संघ गठित |
| 21 दिसंबर 1883 | अंतिम समझौता - यूरोपीय प्रतिवादी आधी-यूरोपीय जूरी मांग सकते |
| 25 जनवरी 1884 | बिल संशोधित रूप में पारित |
महत्व
- यूरोपियों की नस्लीय अहंकार उजागर
- उदारवादी भारतीय अपमानित
- ब्रिटिश उदारवाद की सीमाएं दिखीं
भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस स्थापना (1885) 🚨
स्थापना विवरण
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| तिथि | 28 दिसंबर 1885 |
| स्थान | गोकुलदास तेजपाल संस्कृत कॉलेज, बॉम्बे |
| संस्थापक | ए.ओ. ह्यूम, विलियम वेडरबर्न, जॉन जार्डिन |
| प्रथम अध्यक्ष | डब्ल्यू.सी. बनर्जी |
| भागीदार | 72 (अधिकतर मद्रास/बॉम्बे के हिंदू) |
प्रारंभिक मांगें (उदारवादी)
- क्षेत्रों और धर्मों में राष्ट्रीय एकता
- रेलवे विस्तार
- प्रशासनिक सुधार
- सैन्य व्यय में कमी
- भारत और इंग्लैंड में एक साथ ICS परीक्षाएं
बर्मा विलय (1885) 🚨
तृतीय बर्मा युद्ध
| तिथि | घटना |
|---|---|
| 31 जनवरी 1885 | फ्रांसीसी-बर्मी संधि (ब्रिटिश चिंता) |
| 22 अक्टूबर 1885 | राजा थिबॉ को ब्रिटिश अल्टीमेटम |
| 15-28 नवंबर 1885 | जनरल प्रेंडरगास्ट का त्वरित अभियान |
| 29 नवंबर 1885 | राजा थिबॉ का समर्पण |
| 1 जनवरी 1886 | ऊपरी बर्मा औपचारिक विलय |
लॉर्ड कर्ज़न युग (1899-1905) 🚨
प्रमुख सुधार और नीतियां
| वर्ष | सुधार | महत्व |
|---|---|---|
| 1901 | NWFP निर्माण | पंजाब से कटा, वायसराय को सीधे |
| 1902 | पुलिस आयोग | एंड्रयू फ्रेज़र के अंतर्गत |
| 1903-04 | तिब्बत मिशन | यंगहस्बैंड अभियान |
| 1904 | विश्वविद्यालय अधिनियम | विश्वविद्यालय आयोग के बाद |
| 1905 | बंगाल विभाजन | फूट डालो और राज करो नीति |
उत्तर-पश्चिम सीमांत प्रांत (1901)
- तिथि: 9 नवंबर 1901
- कटा गया: पंजाब से
- जिले: हज़ारा, पेशावर, कोहाट, बन्नू, डेरा इस्माइल खान
- प्रथम मुख्य आयुक्त: लेफ्टिनेंट-कर्नल सर हेरोल्ड ए. डीन
तिब्बत मिशन (1903-1904)
| तिथि | घटना |
|---|---|
| 18 जुलाई 1903 | यंगहस्बैंड खम्बा जोंग पहुंचे |
| 11 दिसंबर 1903 | मिशन 2,000 गोरखाओं के साथ आगे बढ़ा |
| 3 अगस्त 1904 | ल्हासा प्रवेश (दलाई लामा भागे) |
| 7 सितंबर 1904 | ल्हासा संधि हस्ताक्षर |
कर्ज़न-किचनर विवाद
- मुद्दा: वायसराय परिषद में सैन्य सदस्य की शक्तियां
- किचनर की मांग: सैन्य सदस्य समाप्त
- कर्ज़न का रुख: सैनिक-असैनिक पृथक्करण का बचाव
- परिणाम: कर्ज़न ने इस्तीफा दिया (12 अगस्त 1905)
बंगाल विभाजन (1905) 🚨
विभाजन
| तिथि | घटना |
|---|---|
| 7 दिसंबर 1903 | कर्ज़न की प्रारंभिक योजना |
| 19 जुलाई 1905 | सरकारी प्रस्ताव पारित |
| 16 अक्टूबर 1905 | विभाजन लागू |
विभाजन विवरण
- पूर्वी बंगाल और असम: 1.8 करोड़ मुसलमान, 1.2 करोड़ हिंदू
- पश्चिमी बंगाल: हिंदू बहुमत
- उद्देश्य: फूट डालो और राज करो, बंगाली राष्ट्रवाद कमज़ोर
- परिणाम: व्यापक विरोध, स्वदेशी आंदोलन
अन्य महत्वपूर्ण घटनाएं
डूरंड लाइन (1893) 🚨
- तिथि: 12 नवंबर 1893
- वार्ताकार: सर हेनरी मॉर्टिमर डूरंड
- समझौता: अफ़गानिस्तान-ब्रिटिश भारत सीमा निर्धारित
- महत्व: अभी भी पाकिस्तान-अफ़गानिस्तान सीमा
भारतीय परिषद अधिनियम (1892)
- गैर-सरकारी सदस्य बढ़े: वायसराय परिषद (10-16), प्रांतीय (8-20)
- शक्तियां: बजट जांच, वित्त चर्चा
- चुनाव: अप्रत्यक्ष (निगमों द्वारा नामित)
- सीमा: आधिकारिक बहुमत बरकरार
पुनरीक्षण के लिए त्वरित तथ्य
महत्वपूर्ण तिथियां
- 1877: दिल्ली दरबार (विक्टोरिया महारानी)
- 1880: रॉबर्ट्स का काबुल-कंधार मार्च
- 1881: पहला फैक्ट्री एक्ट
- 1883-84: इल्बर्ट बिल विवाद
- 1885: कांग्रेस स्थापना, बर्मा विलय
- 1893: डूरंड लाइन समझौता
- 1901: NWFP निर्माण
- 1905: बंगाल विभाजन
प्रमुख वायसराय और उपलब्धियां
- लिटन (1876-80): दिल्ली दरबार, अफ़ग़ान युद्ध
- रिपन (1880-84): फैक्ट्री एक्ट, स्थानीय स्वशासन
- डफरिन (1884-88): बर्मा विलय, कांग्रेस स्थापना
- कर्ज़न (1899-1905): NWFP, तिब्बत, बंगाल विभाजन
सैन्य अभियान
- द्वितीय अफ़ग़ान युद्ध: रॉबर्ट्स का महान मार्च
- तृतीय बर्मा युद्ध: ऊपरी बर्मा का त्वरित विलय
- तिब्बत मिशन: यंगहस्बैंड का विवादास्पद अभियान
- चित्राल राहत: कर्नल केली का अभियान (1895)
UPSC पिछले वर्ष के प्रश्न विश्लेषण
अक्सर पूछे जाने वाले
- दिल्ली दरबार - महत्व और प्रतीकवाद
- अफ़ग़ान युद्ध - कारण, परिणाम, रॉबर्ट्स मार्च
- कांग्रेस स्थापना - संस्थापक, प्रारंभिक मांगें
- कर्ज़न के सुधार - NWFP, तिब्बत, बंगाल विभाजन
- सामाजिक सुधार - फैक्ट्री एक्ट, स्थानीय स्वशासन
सामान्य गलतियां
- अफ़ग़ान युद्ध तिथियों में भ्रम (द्वितीय बनाम तृतीय)
- कांग्रेस स्थापना विवरण गलत
- वायसराय उपलब्धियों में मिलावट
- बंगाल विभाजन परिणामों की गलत समझ
त्वरित संदर्भ
शाही शिखर: 1877 (दिल्ली दरबार) → 1885 (कांग्रेस स्थापना) → 1905 (बंगाल विभाजन प्रतिक्रिया)
उच्च-आवृत्ति विषय
- रॉबर्ट्स मार्च: 21 दिनों में 334 मील (1880)
- कांग्रेस स्थापना: 28 दिसंबर 1885, बॉम्बे, डब्ल्यू.सी. बनर्जी
- बंगाल विभाजन: 16 अक्टूबर 1905, स्वदेशी आंदोलन प्रेरित
- NWFP: 1901 निर्माण, पंजाब से कटा